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April 20, 2019

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गुरुकुल कांगड़ी के शिक्षकों ने की स्वामी श्रद्धानन्द को भारत रत्न दिए जाने की मांग

गुरुकुल कांगड़ी के शिक्षकों ने की स्वामी श्रद्धानन्द को भारत रत्न दिए जाने की मांग
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हरिद्वार: गुरुकुल कांगड़ी विद्यालय  में अमर हुतात्मा  स्वामी श्रध्दानन्द  को  भारत रत्न मिलना चाहिए, जिसको लेकर विद्यालय में शिक्षकों की एक बैठक आहूत की गयीद्य बैठक की अध्यक्षता करते हुए  विद्यालय  के मुख्य अधिष्ठाता व् शिक्षाविद डा दीनानाथ  शर्मा  ने कहा कि स्वामी श्रद्धानन्द महाराज ने 1902  में  गुरुकुल कांगड़ी  विश्वविद्यालय  की  स्थापना  कांगड़ी  गाँव में की थी द्य स्वामी श्रद्धानन्द की  पहली प्रयोगशाला  गुरुकुल कांगड़ी  है.

जहां पर  वैदिक संस्कारों  से मानव  को  मानव  बनाया जाता है द्य उस  कालांतर  में  ना तो सुविधाएं ,सड़क  और शिक्षा  देने की व्यवस्था थी, जिधर भी आँख पसार देखते थे, उधर अंग्रेजो की सल्तनत  चलती थी, उस समय  स्वामी श्रदानन्द  महाराज ने अंगेजों  से  लोहा  लिया  था। उन्होंने देश  की आजादी में अपना घर बार त्याग कर अपना  बलिदान दिया  है। आर्य समाज  के पुरोधा स्वामी श्रध्दानन्द  महाराज को भारत रत्न  मिलना चाहिये। बैठक  में गुरुकुल  कांगड़ी विद्यालय के  प्रधानाचार्य डा विजेंद्र शास्त्री  ने  कहा  कि  देश  की आजादी  में  स्वामी श्रध्दानन्द महाराज अहम्  भूमिका रही हैद्य देश  की आजादी  में आर्य समाज  द्वारा  चलाया  गया  स्वतंत्रता आन्दोलन किसी  से छिपा  नहीं हैद्य इतिहास के  पन्नों को पलटकर देखों आजादी दिलाने  में खून की नदियाँ आर्य समाज  के साधको  द्वारा  बहाई गयी हैद्य आर्य समाज  के  प्रमुख प्रचारक  स्वामी श्रध्दानंद  महाराज  है इसलिए श्रध्दा नन्द  महाराज को  भारत रत्न  मिलना  चाहिए।

बैठक में गुरुकुल कांगड़ी विद्यालय के शिक्षक  डा  योगेश शास्त्री ने कहा कि स्वामी श्रध्दानन्द महाराज  को बहुत पहले  ही भारत  रत्न  मिल जाना चाहिए द्य देश  के नाम  सर्वस्व न्यौछावर  करने  वाला आर्य समाज  के  पहले  संत है। जिन्होंने समाज के उत्थान, शिक्षा तथा हिंदुत्व  की रक्षा  के लिए  लाल किले  पर अपनी  जान   की आहुति  दे दी थी द्य स्वामी श्रध्दानंद महाराज को  भारत रत्न जैसा  पुरस्कार अवश्य  मिलना चाहिए। इस अवसर  पर बैठक में  अशोक  कुमार , डा हुकुम सिंह ,  डा ब्रजेश कुमार , वेद पाल सिंह, विजय कुमार , अमित कुमार, राज कमल सैनी दीप कमल  लोकेश , जीतेन्द्र कुमार वर्मा,अश्वनी  कुमार , टीकम सिंह,  सज्जन कुमार, अशोक कुमार  गौरव कुमार  आदि शिक्षक   उपसिथत  थे द्य बैठक का  संचालन  डा योगेश शास्त्री  ने किया।

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